पंजाब पुलिस आम लोगों की शिकायतों का त्वरित, पारदर्शी और प्रभावी समाधान सुनिश्चित करने के लिए अपने पब्लिक ग्रीवेंस सिस्टम में बड़े बदलाव करने जा रही है। इसे लेकर जालंधर में उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में एडीजीपी एस. राय ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ शिकायत निवारण व्यवस्था को बेहतर बनाने पर चर्चा की। प्रेस वार्ता में एडीजीपी ने कहा कि केवल शिकायत दर्ज कराकर एसएमएस भेज देना पर्याप्त नहीं है। कई बार शिकायतकर्ता को अपनी समस्या के समाधान के लिए बार-बार थाने के चक्कर लगाने पड़ते हैं। इस व्यवस्था में बदलाव करते हुए अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी और शिकायतों के निपटारे की गुणवत्ता पर भी ध्यान दिया जाएगा। बैठक में जालंधर रेंज के डीआईजी, एसपी और जमीनी स्तर पर काम करने वाले पुलिस अधिकारियों ने हिस्सा लिया। अधिकारियों ने थानों में लंबित शिकायतों, कामकाज के दौरान आने वाली व्यावहारिक दिक्कतों और जनता से मिले सुझावों पर विचार-विमर्श किया। बैठक में सामने आए सुझावों की रिपोर्ट तैयार कर पंजाब पुलिस मुख्यालय में डीजीपी के समक्ष रखी जाएगी। इसके आधार पर राज्यभर के लिए ठोस नीति तैयार की जाएगी। ADGP ने बताया कि थानों में लंबे समय से लंबित शिकायतों के निपटारे के लिए जल्द ही निश्चित समय सीमा तय की जाएगी। इसका उद्देश्य शिकायतों को अनावश्यक रूप से लंबित होने से रोकना और लोगों को समय पर राहत दिलाना है। ‘महिला मित्र’ की अवधारणा शुरू की गई महिलाओं की शिकायतों को प्राथमिकता देने के लिए सांझ केंद्रों में ‘महिला मित्र’ की अवधारणा शुरू की गई है। इसके तहत महिलाओं को समस्याएं सहजता से रखने में मदद मिलेगी। एडीजीपी ने कहा कि महिला शिकायतकर्ताओं की परेशानियों को समझने और उनका समाधान कराने में यह पहल महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। जनता से होगा तालमेल उन्होंने पुलिस और जनता के बीच विश्वास मजबूत करने पर भी जोर दिया। उनका कहना था कि पुलिस ने आतंकवाद के दौर में भी जनता के सहयोग से कई चुनौतियों का सामना किया था। अब उसी तालमेल और विश्वास को फिर मजबूत करने की जरूरत है।
जालंधर पुलिस के शिकायत निवारण सिस्टम में होंगे सुधार:पब्लिक से भरोसा बढ़ाने पर जोर; ADGP बोले-लंबित मामलों में तय होगी टाइम लिमिट
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